सुनील गावस्कर समाज के आर्थिक रूप से पिछड़े वर्गों के बच्चों के लिए ह्रदय की 34 जीवनरक्षक सर्जरियों को प्रायोजित करेंगे
May 2, 2019 • प्रथम स्वर ब्यूरो

नई दिल्ली :प्रसिद्ध भारतीय क्रिकेटर सुनील गावस्कर ने आज खारघरनवी मुंबई में श्री सत्य साई संजीवनी इंटरनेशनल सेंटर फॉर चाइल्ड हार्ट केयर के उद्घाटन के दौरान हृदय की 34 जीवनरक्षक सर्जरियों को प्रायोजित करने की घोषणा की। बच्चों की ये शल्य चिकित्सायें समाज के आर्थिक और सामाजिक रूप से पिछड़े वर्गों के बच्चों के लिए हैं और अगले कुछ महीनों के दौरान इन्हें किया जायेगा।

यह अत्याधुनिक सेंटरपश्चिमी क्षेत्र का पहला ऐसा केंद्र है और श्री सत्य साईं बाबा के बेहतरीन स्वास्थ्य सेवाओं के मॉडल के आधार पर नि: शुल्क सेवा प्रदान करेगा। इस महीने के अंत में पहली बाल हृदय सर्जरी का किया जाना तय किया गया है।

यह सेंटर उन बच्चों के जन्मजात हृदय रोग का इलाज करेगा जो शल्य चिकित्सा की प्रतीक्षा कर रहे हैं। यह इस क्षेत्र में माँ और शिशु की प्राथमिक स्वास्थ्य सेवाओं को सशक्त बनाने में मदद करने के लिए बच्चों में बुनियादी हृदय रोग की पहचान और उपचार करने की प्रक्रिया में निचले तपके के स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं और आँगनवाड़ी सेविकाओं को सहयोग और प्रशिक्षण प्रदान करेगा।

हर साल, भारत में लगभग 240,000 बच्चे जन्मजात हृदय रोग के साथ पैदा होते हैं। इनमें से लगभग 40% की तीन साल की आयु से पहले ही मृत्यु हो जाती हैं। चूँकि महँगी और जटिल बाल चिकित्सा देखभाल अधिकाँश नागरिकों की पहुँच से बाहर है, नवी मुंबई (महाराष्ट्र), नया रायपुर (छत्तीसगढ़) और पलवल (हरियाणा) में श्री सत्य साई संजीवनी अस्पतालों की श्रृंखला 8,600 से अधिक के शलयक्रियाओं और कैथेटर लगाए जाने को पूरा करने और 71,000 से अधिक बच्चों का बाह्य रोगियों के तौर पर इलाज़ करने के साथ ही भारत की पूरी तरह से निःशुल्क बाल चिकित्सा हृदय देखभाल की सबसे बड़ी प्रदाता अस्पतालों की श्रृंखला है।

 

इस सेंटर के उद्घाटन पर बोलते हुए, श्री सत्य साई संजीवनी अस्पताल और बाल हृदय देखभाल केंद्रों का संचालन वाले श्री सत्य साई हेल्थ एंड एजुकेशन ट्रस्ट के अध्यक्ष श्री सी. श्रीनिवास ने कहा: "ये सेंटर श्री सत्य साईं बाबा के कार्य और संदेश का सत्यापन करते हैं और स्वास्थ्य देखभाल के उनके मॉडल के अनुरूपधर्म,जातिपंथराष्ट्रीयता और लिंग को ध्यान में लिए बिना पूरी तरह से मुफ्त सेवा प्रदान करते हैं।"

 

वहाँ उपस्थित लोगों से बात करते हुए, सुनील गावस्कर ने कहा, ये नन्हे-मुन्ने बच्चे अपने दिल का इलाज़ होने का इंतज़ार कर रहे हैं। बाल चिकित्सा ह्रदय उपचार वित्तीय या सामाजिक परिस्थिति से परे हर बच्चे और हर माता-पिता की पहुँच में होना चाहिए। मैं इस बात से खुश हूँ कि श्री सत्य साई संजीवनी सेंटर अब मुंबई में खुल गया है और यह लोगों को बहुमूल्य जीवन-रक्षक सेवायें प्रदान करेगा।"

 

एचडी मेडिकल इन्कॉर्पोरशन, यू.एस.ए. द्वारा एक नई ह्रदय चिकित्सा उपकरण-के साथ-सेवा भी प्रस्तुत की गई थी। एचडी स्टेथ नामक इस ईसीजी एकीकृत इंटेलीजेंट स्टेथोस्कोप उपकरण का आविष्कार एचडी मेडिकल इन्कॉर्पोरशन के संस्थापकश्री अरविंद त्यागराजन द्वारा किया गया है। एचडी मेडिकल छोटे गाँवों, सार्वजनिक स्वास्थ्य केंद्रों और आदिवासी क्षेत्रों में अस्पताल के कर्मचारियों और स्वयंसेवकों को एचडी स्टेथ का उपयोग करने के लिए प्रशिक्षण दे रही है। यह उपकरण एक स्मार्ट स्टेथोस्कोप है, जो कृत्रिम बुद्धि (आर्टिफिशल इंटेलिजेंस) (एआई) का उपयोग एक टैबलेट या स्मार्टफोन पर वायरलेस कनेक्टेड ऐप के द्वारा उन बच्चों की हृदय की समस्याओं के निदान के लिए करता है जिनका पता नहीं लगाया गया हो। हार्ट टू हार्ट फाउंडेशन के मैनेजिंग ट्रस्टीश्री विवेक गौड़ने कहा, माता-पिता की वित्तीय या शैक्षिक स्थितिलिंगजातिधर्म या सामाजिक और आर्थिक पृष्ठभूमि के आधार के बिना बाल चिकित्सा उपचार हर बच्चे की पहुँच के अंदर होना चाहिए।“ 

 

एचडी मेडिकल इन्कॉर्पोरशन के संस्थापकश्री अरविंद थियागराजन ने कहा, “एचडी मेडिकल में हम इस निस्वार्थ कार्य के लिए प्रतिबद्ध हैं और अपनी विश्वस्तरीय तकनीक के साथ जीवन की रक्षा करने के इस नेक कार्य में हमेशा प्रशिक्षण प्रदान करने और निदान करने में मदद करने की इच्छा रखेंगे। हमें विश्वास है कि हमारे उपयोग करने में आसानएआई का उपयोग करनेवाली तत्काल निदान की तकनीक बिल्कुल ही प्रारंभिक चरण में जन्मजात हृदय रोग का पता लगाने में मदद करेगी और बच्चों का जटिलतायें उत्पन्न होने से पहले ही ऑपरेशन किया जा सकेगा।