दो दिवसीय दीपशिखा दिव्यांग पुनर्वास मेला 2019 का शुभारंभ
October 19, 2019 • प्रथम स्वर ब्यूरो
बनारस ।  दिव्यांगों द्वारा निर्मित सामान बेचकर उनकी दिवाली रोशन करने के उद्देश्य से दो दिवसीय *दीपशिखा दिव्यांग पुनर्वास मेला 2019* का शुभारंभ हुआ। मेले का उद्घाटन  सुनील ओझा, सह प्रभारी भाजपा उत्तर प्रदेश द्वारा दीप प्रज्वलन से  कर किया गया । उद्घाटन कार्यक्रम के विशिष्ट अतिथि अशोक चौरसिया  महामंत्री काशी क्षेत्र भाजपा रहे।
 कार्यक्रम को संबोधित करते हुए   सुनील ओझा ने कहा कि दिव्यांगोंजनों को सहानुभूति नहीं बल्कि केवल अवसर उपलब्ध कराने की आवश्यकता है यदि उनको अवसर उपलब्ध करा दिया जाए तो स्वयं अपने जीवन की पूर्णता को प्राप्त कर लेंगे।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कार्यक्रम के विशिष्ट अतिथि अशोक चौरसिया, महामंत्री काशी क्षेत्र भाजपा ने कहा कि इस तरह के कार्यक्रमों का आयोजन साल भर से सतत रूप से किया जाए तो निश्चय ही दिव्यांग जनों के लिए आत्मनिर्भरता लाने में सफल होंगे। 
मेला के संयोजक डॉ उत्तम ओझा ने कहा कि आयोजन समिति इस भविष्य में  तरह के और व्यापक आयोजनों की योजना बना रही है।
सुनील ओझा एवं अशोक चौरसिया ने सभी स्टालों का निरीक्षण कर दिव्यांगजनों का उत्साहवर्धन भी  किया।
कार्यक्रम में 30 से अधिक स्टालों  पर दिव्यांग जनों द्वारा निर्मित वस्तुओं का प्रदर्शन एवं भारी मात्रा में विक्रय किया गया । मेले में दिव्यांगजनों के लिए रेलवे में रियायती दरों पर यात्रा करने के लिए पास का भी निर्माण किया गया साथ ही सहायक उपकरणों के लिए दिव्यांग जनों का आकलन कर सूची बनाई गई  बाद में उपकरण उपलब्ध करा दिए जाएंगे । मेले में ही स्वास्थ्य विभाग द्वारा दिव्यांगता सर्टिफिकेट बनाने के लिए भी कैंप लगाया गया है साथ ही दिव्यांगजन सशक्तिकरण विभाग द्वारा यूडी आईडी कार्ड बनाने की सुविधा भी उपलब्ध है।
कार्यक्रम में मुख्य रूप से  डॉ संजय चौरसिया,राजेश मिश्रा, डॉ संध्या ओझा, डॉ कमालुद्दीन शेख, बच्चा तिवारी, श्याम जी, किशोर तिवारी, आजाद तिवारी एवं विभिन्न संस्थाओं के प्रमुख उपस्थित रहे
कार्यक्रम का संचालन डॉ सुनील मिश्रा, अतिथियों का स्वागत मेला के संयोजक डॉ उत्तम ओझा तथा  धन्यवाद ज्ञापन मेला के अध्यक्ष  तुलसीदास द्वारा किया गया।स्वागत गीत तनु यादव ने प्रस्तुत किया।  दो दिवसीय मेले की सम्पूर्ण जानकारी एक प्रेस विज्ञप्ति जारी करते हुए मेला के मीडिया प्रभारी डॉ मनोज तिवारी ने दी।